कलेजा छलनी होना  

कलेजा छलनी होना एक प्रचलित लोकोक्ति अथवा हिन्दी मुहावरा है।

अर्थ- कठोर वचन सुनते-सुनते अत्यधिक दु:ख होंना।

प्रयोग- ऐसा बान मारती हो कि कलेजा छलनी हो जाता है। (अजित पुष्कल)

टीका टिप्पणी और संदर्भ

संबंधित लेख

कहावत लोकोक्ति मुहावरे वर्णमाला क्रमानुसार खोजें

                              अं                                                                                              क्ष    त्र    श्र

वर्णमाला क्रमानुसार लेख खोज

                              अं                                                                                                       क्ष    त्र    ज्ञ             श्र   अः



"https://bharatdiscovery.org/bharatkosh/w/index.php?title=कलेजा_छलनी_होना&oldid=624123" से लिया गया