गुल खिलना  

गुल खिलना एक प्रचलित लोकोक्ति अथवा हिन्दी मुहावरा है।

अर्थ-

  1. किसी अप्रत्याशित कांड का रहस्य खुलना।
  2. एक नया झगड़ा शुरु होना।

प्रयोग- साल जाते जाते एक नया गुल खिला। -रा. रा. प्र. सिंह।



टीका टिप्पणी और संदर्भ

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